प्रयागराज 21 दिसम्बर (वार्ता) इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने पुलिस भर्ती 2018 में चयनित बलिया के गजेन्द्र राव को कार्यभार ग्रहण न कराने को प्रथम दृष्टया अवमानना माना है और बलिया के पुलिस अधीक्षक बिपिन टाडा को 11 जनवरी को तलब किया है। कोर्ट ने कहा है कि मेडिकल बोर्ड ने परीक्षण किया जिसमे याची पूर्णतया उपयुक्त घोषित किया गया। आदेश के अनुपालन हलफनामे मे भर्ती बोर्ड ने इस तथ्य को स्वीकार भी किया है। इसके बाद भी एस पी बलिया द्वारा नियुक्ति न देना कोर्ट की अवहेलना करना है। कोर्ट ने एस पी को अनुपालन रिपोर्ट के साथ हाजिर होने का आदेश दिया है। यह आदेश न्यायमूर्ति एम सी त्रिपाठी ने गजेन्द्र राव की याचिका पर दिया है। मालूम हो कि याची 2018 पुलिस भर्ती मे शामिल हुआ। परीक्षा में सफल होने के बाद उसे दृष्टि दोष बताकर चयनित नही किया गया तो उसके द्वारा याचिका दाखिल की गयी। कोर्ट के निर्देश पर पं दीन दयाल उपाध्याय राजकीय अस्पताल वाराणसी मे डाक्टरों के पैनल ने दुबारा मेडिकल परीक्षण किया । जिसमे याची को उपयुक्त पाया गया। कोर्ट ने याचिका स्वीकार कर पुलिस भर्ती बोर्ड को याची का चयन करने का निर्देश दिया। आदेश का पालन न करने पर दाखिल अवमानना याचिका पर जारी निर्देश के बाद पुलिस भर्ती बोर्ड ने फरवरी 20 मे याची को चयनित कर एस पी बलिया को नियुक्ति करने की संस्तुति की। इसके बावजूद नियुक्ति न करने पर कोर्ट ने सख्त रूख अपनाया है।



