अयोध्या, 6 दिसंबर (बु.)। भगवान श्रीराम की नगरी अयोध्या में भव्य रामलला मंदिर के भूमि पूजन तथा मंदिर निर्माण की प्रक्रिया आरंभ होने के बाद यहां के विवादित ढांचा ध्वंस की पहली बरसी पर रविवार को प्रदेश में सुरक्षा बल हाई अलर्ट पर हैं। जनपद में सुरक्षा के बेहद कड़े इंतजाम किए गए हैं। यहां पर हर जगह पर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किया गया है।अयोध्या में विवादित ढांचा के ध्वंस की आज यानी छह दिसंबर को 22वीं बरसी है। इसको लेकर प्रदेश सरकार ने हर जिले में सुरक्षा बलों को मुस्तैद कर रखा है। सूबे की राजधानी लखनऊ के साथ गोरखपुर, वाराणसी, प्रयागराज, कानपुर, मेरठ, आगरा, बरेली व मुरादाबाद में भी सुरक्षा बल हाई अलर्ट पर हैं। छह दिसंबर को लेकर अयोध्या में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। यहां पर सिविल पुलिस के अलावा आरपीएफ, सीआरपीएफ के जवानों की तैनाती की गई है। इनके साथ डॉग स्क्वायड, एटीएस तथा जल पुलिस व एसटीएफ की टीम भी तैनात हैं। सभी होटल, धर्मशाला और रेलवे स्टेशन समेत सार्वजनिक स्थलों पर सादे वर्दी में पुलिस के जवान हैं। रामनगरी में पुलिस प्रशासन ने सख्ती बरतते हुए दोनों समुदाय को किसी भी तरह के कार्यक्रम करने की अनुमति नहीं दी है। इतना ही नहीं कार्यक्रम करने वाले पक्ष के ऊपर दंडात्मक दंडात्मक कार्रवाई भी तय है। अयोध्या में सुरक्षा घेरा सख्त कर दिया गया है। राम जन्मभूमि प्रांगण की ओर जाने वाले सभी मार्गों को सील कर दिया गया है। यहां पर आने व जाने वाले हर व्यक्ति से पूछताछ हो रही है।



