वाराणसी, 21 जनवरी (बु.)। स्वच्छता सर्वेक्षण 2021 की परीक्षा प्रारंभ हो गई है। मार्च में रिजल्ट आने वाला है। इस परीक्षा में नगर निगम प्रशासन के समक्ष सर्वाधिक कठिन पेपर सिटीजन फीडबैक है, क्योंकि इस बार इसका फार्मेट बदल दिया है। इसे देखते हुए बुधवार को मुख्य कर निर्धारण अधिकारी पीके द्विवेदी की अध्यक्षता में अहम बैठक हुई। इसमें नगर निगम के हर अधिकारी-कर्मचारी को लक्ष्य दिया गया। हर दिन दो-दो सौ लोगों से संपर्क किया जाएगा। कुल साढ़े तीन लाख जनता से फीडबैक लेना है। प्रभारी अधिकारी आइईसी डा. अनुश्री श्रीवास्तव ने बैठक में मौजूद पांचों जोन के जोनल अधिकारी, कर अधीक्षक, राजस्व निरीक्षक को फीडबैक को लेकर जानकारी दी। स्पष्ट किया कि सर्वे में आठ सवालों का जवाब देकर लोग अपने शहर का मान बढ़ा सकते हैं। यह सिटीजन फीडबैक 31 मार्च तक चलेगा। फेस टू फेस के लिए स्वच्छ सर्वेक्षण की टीम मार्च में आएगी। इस बार जनता को फोन करके कुछ नहीं पूछा जाएगा बल्कि जनता स्वयं जानकारी देगी। पिछले सर्वेक्षण में जहां सिटीजन फीडबैक के 1500 नंबर थे, इस बार इसे 1800 कर दिया है। इसमें फीडबैक 600 नंबर हैं। वहीं 1200 नंबर इंगेजमेंट, एक्सपीरियंस, स्वच्छता एप और इनोवेशन के रूप में बांट दिए गए हैं।



