21.5 C
Muzaffarnagar
Sunday, November 8, 2026

जयपुरः कोरोना वायरस के कारण इस बार पतंगबाजी का उत्साह कम

जयपुर 12 जनवरी (वार्ता) राजस्थान में वैश्विक महामारी कोरोना के बीच मकर संक्रांति के पर्व पर इस बार कोरोना के प्रति संदेश, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी एवं अन्य नेताओं, फिल्म अभिनेता, प्रेम का प्रतीक दिल के चित्र वाली पतंगे लोगों को अपनी ओर आकर्षित कर रही हैं लेकिन कोरोना के कारण पतंगबाजी का उत्साह फीका नजर आ रहा हैं।
इस अवसर पर राजधानी जयपुर में महीने भर पहले ही बाजार में पतंग आ जाती हैं और मकर संक्रांति आने तक पतंगबाजी का शोर एवं इसके प्रति उल्लास चरम सीमा पर पहुंच जाता हैं लेकिन इस बार मकर संक्रांति का एक दिन शेष रहा और कोरोना के चलते लोगों में बीमारी फैलने का भय एवं पतंगों के महंगी हो जाने के कारण पतंगबाजी के प्रति लोगों का उत्साह कम होने से बाजार में इसकी रौनक फीकी नजर आ रही हैं। इस बार कोरोना से सावधान रहने के संदेश लिखी पतंगे बाजार में मिल रही हैं। इन पतंगों में कोरोना का प्रतीक चिह्न एवं उस पर मास्क पहने कोरोना से बचे, दो गज दूरी जरुरी, कोरोना गो, कोरोना गो लिखकर लोगों को जागरुक करने का प्रयास भी किया गया हैं। श्री मोदी के चित्र के साथ भारत माता की जय लिखी पतंगे भी पतंगबाजों को खूब पसंद आ रही हैं। इसी तरह अभिनेता सलमान खान एवं अन्य फिल्मी हस्तियों, क्रिकेटर विराट कोहली तथा कांग्रेस नेता राहुल गांधी के चित्र वाली दुकानों पर लटकी पतंगे भी लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच रही है। जयपुर शहर के हांडीपुरा पतंग बाजार में बुजर्ग पतंग निर्माता अब्दुल गफ्फुर ने इस बार करीब पांच-छह फुट लम्बी श्री मोदी, श्री राहुल गांधी, राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे, पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट एवं जयपुर हैरिटेज की मुनेश गुर्जर सहित कई नेताओं के मास्क लगे चित्र वाली पतंगे तैयार की हैं। श्री गफ्फुर ने बताया कि वह हर वर्ष कुछ बड़े नेताओं की चित्र वाली बड़ी पतंगे तैयार कर उन्हें भेंट करते हैं। उन्होंने बताया कि कोरोना के चलते पतंग के बाजार में पहले की बजाय इस बार रौनक कम हैं। शहर में स्पाइडरमेन, छोटाभीम, टोमनजेरी, डोरेमोन, चांद सितारा, दिल, झालर, सतरंगी सहित कई प्रकार की पतंगे बाजार में उपलब्ध हैं। बच्चों के लिए छोटी पतंगे भी खूब मिल रही हैं। लेकिन कोरोना के चलते इस बार पतंगबाजी का जोश और उत्साह कम नजर आ रहा है।

धुलेश्वर बाग क्षेत्र में पतंग की दुकान कर रहे श्याम सुंदर ने बताया कि उनके पास सात रुपए से लेकर 24 रुपए तक पतंगे उपलब्ध हैं। इस बार कागज एवं पतंग की डोरी महंगी मिलने के कारण पतंगे पहले कुछ महंगी होने तथा कोरोना के कारण इनकी बिक्री पर भी असर पड़ा हैं। उन्होंने बताया कि श्री मोदी के चित्र वाली एवं स्पाइडरमेन एवं बच्चों वाली पतंगे ज्यादा बिक रही है। झोंटवाड़ा क्षेत्र में खातीपुरा पुलिया के पास पतंग बेच रहे दुकानदार ने बताया कि इस बार पतंगों पर कोरोना और महंगाई दोनों का असर पड़ा हैं। इस पर्व पर लोग छत्तों पर एकत्रित होकर तिल के लड्डू, पकौड़ों एवं अन्य स्वादिष्ट व्यंजनों का लुत्फ के साथ पतंगाबजी का मजा लेते हैं लेकिन इस बार कोरोना के कारण एक दूसरे के घर जाने से परहेज करने के कारण पतंगबाजी का शोर भी कम होने की संभावना हैं। इसके अलावा सुरक्षा की दृष्टि से सुबह शाम दो-दो घंटे पतंगबाजी पर रोक भी रहेगी। उधर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने मकर संक्रांति के अवसर पर पतंग उड़ाते समय एवं सड़क पर पैदल या दोपहिया वाहन से चलते समय सुरक्षा का विशेष ध्यान रखने की अपील की है। श्री गहलोत ने कहा कि पतंग उड़ाने के दौरान छत से गिरने और मांझे से दुर्घटना होने के मामले सामने के मद्देनजर पतंग उड़ाने के सभी शौकीन अपनी और दूसरों की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखें तथा लोग सड़क पर पैदल या दोपहिया वाहन से चलते समय सतर्कता बरतें। उन्होंने कहा कि स्कूटर और बाइक पर पूरा कवर हैलमेट लगाएं एवं गले को मफलर या स्कार्फ से अच्छी तरह ढंक लें। बच्चों को दोपहिया वाहन पर आगे ना बिठाएं एवं वाहन धीमी रफ्तार में चलाएं। पतंग उड़ाते समय छत की सीमा का ध्यान रखें एवं सुबह छह से आठ और शाम के पांच से सात बजे के बीच पतंग ना उड़ाएं।

Related Articles

- Advertisement -spot_img

Latest Articles