मुजफ्फरनगर, 09 सितंबर (बु.)। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक मामले में पेश न होने पर एसएसपी संजय कुमार वर्मा के खिलाफ वारंट जारी करने का आदेश दिया है। यह मामला नई मंडी कोतवाली क्षेत्र के गांव बिलासपुर निवासी मोमीन की हिस्ट्रीशीट खोलने से जुड़ा है।
हाईकोर्ट ने मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट को वारंट तामील कराने का निर्देश दिया है। यह कार्रवाई तब हुई, जब मोमीन की हिस्ट्रीशीट खोलने के मामले में एसएसपी संजय कुमार वर्मा लगातार सुनवाई के चलते कोर्ट में अनुपस्थित रहे। यह आदेश पुलिस प्रशासन के लिए एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है। नई मंडी कोतवाली क्षेत्र के गांव बिलासपुर निवासी मोमीन की हिस्ट्रीशीट खोलने के मामले में हाईकोर्ट में उपस्थित न होने पर हाईकोर्ट ने एसएसपी संजय कुमार वर्मा का वारंट जारी करने के आदेश दिए हैं।
कोर्ट में एसएसपी संजय कुमार वर्मा की तरफ से शपथ पत्र भी दाखिल नहीं किया गया था। नई मंडी क्षेत्र के बिलासपुर निवासी मोमीन की पुलिस ने हिस्ट्रीशीट खोली थी। हालांकि उसका कहना कि उसके खिलाफ बागपत थाने में मात्र एक मुकदमा दर्ज है। पुलिस ने गलत तरीके से उसकी हिस्ट्रीशीट खोली है। इस मामले में मोमीन ने अपने अधिवक्ता के जरिये हाईकोर्ट में पुलिस द्वारा खोली गयी हिस्ट्रीशीट को लेकर याचिका दायर की। आरोप है कि हाईकोर्ट के द्वारा 6 सितम्बर को पारित एक आदेश का नियमानुसार पालन नहीं किया गया।
उसके बाद हाईकोर्ट के आदेश के बावजूद एसएसपी संजय कुमार ने न तो व्यक्तिगत रुप से हाईकोर्ट में उपस्थित हुए और न ही उनकी तरफ से कोई शपथपत्र दाखिल किया गया है। जिस पर नाराजगी जताते हुए हाईकोर्ट ने एसएसपी के खिलाफ जमानती वारंट जारी करने के आदेश देते हुए सीजेएम मुजफ्फरनगर के माध्यम से तामिल कराने के आदेश दिए है। हाईकोर्ट ने एसएसपी संजय सिंह वर्मा को 22 सितम्बर को मामले में पेश होने के आदेश दिए हैं।


