दिल्ली, 11 मार्च (बु.)। दिल्ली भाजपा के प्रवक्ता प्रवीण शंकर कपूर ने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल द्वारा खुद को राम-हनुमान भक्त बताने संबंधी बयान को हास्यास्पद बताया है। एक बयान जारी कर उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री खुद को राम-हनुमान भक्त बताते हैं, पर वह आज तक अयोध्या में न दर्शन करने गए और न ही श्रीराम मंदिर के निर्माण में कोई सहयोग दिया। सच यह है कि मुख्यमंत्री श्रीराम- हनुमान के नाम को केवल जनता को भ्रमित करने के लिए उपयोग करते हैं। उन्होंने कहा कि एक महीने तक निधि समर्पण अभियान चला पर आम आदमी पार्टी (आप) के सहयोग की कोई जानकारी नहीं है। इसी तरह वर्षों से दिल्ली की जनता श्रीराम नवमी एवं हनुमान जयंती पर शासकीय अवकाश की मांग करती रही है पर अरविंद केजरीवाल सरकार उस ओर बिल्कुल ध्यान नहीं देती।इधर, दिल्ली विधानसभा में बजट सत्र के तीसरे दिन बुधवार को भाजपा के चार विधायकों को मार्शल के जरिये सदन से बाहर निकाल दिया गया। भाजपा विधायक दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) द्वारा बसों की खरीद में भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए चर्चा की मांग कर रहे थे। विधानसभा अध्यक्ष राम निवास गोयल ने उन्हें बताया कि वह बृहस्पतिवार को इस मुद्दे पर चर्चा की अनुमति देंगे, लेकिन भाजपा विधायक बुधवार को ही इस पर चर्चा कराए जाने की मांग पर अड़े रहे। इसके बाद गोयल ने सदन को दोपहर 3.15 बजे 15 मिनट के लिए स्थगित कर दिया। सदन जब दोबारा साढ़े 3 बजे शुरू हुआ तो भाजपा विधायकों ने इस मुद्दे पर चर्चा के लिए फिर से मांग उठाई। इसके बाद विधानसभा अध्यक्ष ने मार्शलों को भाजपा विधायक विजेंद्र गुप्ता को सदन से बाहर निकालने का निर्देश दिया। इसके बाद भाजपा के तीन अन्य विधायकों मोहन सिंह बिष्ट, जितेंद्र महाजन और ओपी शर्मा को भी सदन से बाहर कर दिया गया।


