बरेली, 10 मार्च (बु.)। खुद को आइपीएस अफसर बताकर दाराेगा भर्ती के नाम पर आठ लाख रुपये ठगने के मामले में नया मोड़ सामने आया है। एक और पीड़ित मंगलवार को सामने आया। बताया कि पांच मार्च को जिन आरोपितों द्वारा खुद को आइपीएस बताकर भर्ती के नाम पर ठगी की रिपोर्ट दर्ज की गई है। उन्हीं ठगों ने कांस्टेबल पद पर भर्ती कराने का झांसा देक पांच लाख रुपये ठग लिए। एसएसपी के निर्देश पर सुभाषनगर पुलिस ने आरोपित दिलीप सिंह उर्फ टीटू चौहान, उसके भाई अजय चौहान व पत्नी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। सुभाषनगर के गणेशनगर के रहने वाले पीड़ित अरुण कुमार सिंह ने बताया कि रामपुर गार्डेन के रहने वाले दिलीप सिंह उर्फ टीटू चौहान, उसके भाई अजय चौहान व उसकी पत्नी से उनकी जान पहचान थी। मेलजोल बढ़ा तो खुद को आइपीएस बताने वाले दिलीप सिंह उर्फ टीटू चौहान ने कहा कि तुम्हारी कांस्टेबल पद पर नौकरी लगवा दूंगा। विभाग में अच्छी सेटिंग है। इसमें पांच लाख रुपये का खर्च आएगा। पुलिस विभाग में नौकरी का सपना संजोए अरुण दिलीप के झांसे में आ गया। मां मुन्नी देवी व पिता सुरेन्द्र सिंह को पूरी बात बताई। इसके बाद पिता ने पांच लाख रुपये का इंतजाम किया। दिलीप के रामपुर गार्डन स्थित मकान पर जाकर तय रकम दे दी। पीड़ित के मुताबिक, परीक्षा होने के बाद उसके तमाम साथी ट्रेनिंग पर चले गए लेकिन, उसका कोई ट्रेनिंग लेटर नहीं आया। इस पर अरुण को ठगी का शक हुआ। आरोपितों से संपर्क किया, रकम वापस लौटाने की बात कही। इस पर आरोपित टालमटोल करने लगे। काफी दबाव के बाद आरोपितों ने अरुण को दो-दो लाख रुपये के दो चेक दिए लेकिन, चेक बाउंस हो गया। पीड़ित को एहसास हो गया कि तीनों गैंग बनाकर ठगी का कार्य करते हैं। आरोपितों के खिलाफ सुभाषनगर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है।


