अलीगढ़, 07 मार्च (बु.)। कोरोना वायरस से बचाव के लिए हर तरफ कोरोना के टीके की ही बात हो रही है। कुछ लोग तो टीका आ गया है, यह मानकर वायरस के प्रति लापरवाही बरतने लगे हैं। तमाम लोगों ने मास्क पहनना या हाथों को बार-बार धोना बंद कर दिया है। शारीरिक दूरी का भी ध्यान नहीं रख रहे। नतीजतन, एकतरफ टीकाकरण हो रहा है, दूसरी तरफ संक्रमण बढ़ रहा है। अफसर खुद ऐसे हालात से चिंतित हैं और लोगों को पुनः सावधानी और सतर्कता बरतने की सलाह दे रहे हैं। एक फरवरी को जनपद में 70 सक्रिय मरीज थे। इसके बाद संक्रमण दर में कमी आई। इससे 10 फरवरी को सक्रिय मरीजों की संख्या मात्र छह रह गई। इससे उम्मीद बंधी की अब जनपद कोरोना मुक्त हो जाएगा, क्योंकि केस भी एक या दो निकल रहे थे। हालांकि, 20 फरवरी को सक्रिय मरीजों की संख्या आठ पहुंच गई। इसके बाद निरंतर केस निकल रहे हैं। तीन मार्च को सक्रिय मरीज 15 हो गए। छह मार्च को यह संख्या 18 पहुंच गई। इस तरह तीन गुना तेजी से सक्रिय मरीज बढ़ने शुरू हो गए हैं। शनिवार को केवल जिला महिला अस्पताल में पहली व दूसरी डोज के लिए टीकाकरण हुआ। पहली डोज के लिए 120 बीमार व बुजुर्गों को टीकाकरण का लभ्य था, जिसके सापेक्ष 102 लोग (85.10 फीसद) पहुंच गए। वहीं, दूसरी डोज के लिए कोई लक्ष्य नहीं रखा गया। इसके सापेक्ष 26 फ्रंटलाइन वर्कर्स टीका लगवाने पहुंचे।


